बरही कन्या शाला में अतिथि शिक्षकों के सत्यापन को लेकर अव्यवस्था और लापरवाही का मामला सामने आया है। विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य धर्मेन्द्र सोनी पर आरोप है कि उन्होंने सत्यापन प्रक्रिया के दौरान अतिथि शिक्षकों को घंटों तक चिलचिलाती धूप में खड़ा रहने के लिए मजबूर किया। भीषण गर्मी और तेज धूप के बीच शिक्षक बिना किसी छाया, पेयजल या बैठने की उचित व्यवस्था के परेशान होते रहे, जिससे उनमें भारी नाराजगी देखी गई।
जानकारी के अनुसार सत्यापन कार्य के लिए बड़ी संख्या में अतिथि शिक्षक विद्यालय पहुंचे थे। सुबह से शुरू हुई प्रक्रिया दोपहर तक चलती रही, लेकिन व्यवस्थाएं पूरी तरह अव्यवस्थित रहीं। कई शिक्षकों ने बताया कि उन्हें समय पर जानकारी नहीं दी गई और न ही कोई क्रमबद्ध व्यवस्था बनाई गई। तेज गर्मी में लंबे समय तक खड़े रहने से कुछ शिक्षकों की तबीयत भी बिगड़ने लगी। इसके बावजूद विद्यालय प्रशासन द्वारा कोई विशेष ध्यान नहीं दिया गया।
अतिथि शिक्षकों का कहना है कि सत्यापन जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रिया को व्यवस्थित तरीके से किया जाना चाहिए था। यदि समयानुसार बैच बनाकर बुलाया जाता और छाया व पानी की व्यवस्था की जाती तो इस परेशानी से बचा जा सकता था। शिक्षकों ने आरोप लगाया कि प्रभारी प्राचार्य का रवैया असहयोगपूर्ण रहा और उनकी समस्याओं को गंभीरता से नहीं लिया गया।
इस घटना के बाद शिक्षकों में आक्रोश व्याप्त है। उन्होंने शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी भी शिक्षक को इस प्रकार की परेशानियों का सामना न करना पड़े।
बरही कन्या शाला प्राचार्य की मनमानी, चिलचिलाती धूप में परेशान हो रहे अतिथि, कन्या शाला के प्रभारी धर्मेन्द्र सोनी अतिथि शिक्षकों के सत्यापन के लिए कर रहा बदतमीजी
